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1. एक बार क्रय किया गया आवेदन टोकन वापस नही किया
जा सकेगा। एक से अधिक प्रश्नपत्र के लिए अलग-अलग आवेदन टोकन क्रय करना आवश्यक है।
2. आवेदन टोकन केवल निर्धारित
बैंक की शाखाओं से ही उपलब्ध होंगे। अभ्यर्थी
टोकन का क्रय करते समय यह सुनिश्चित कर लें कि टोकन सील बन्द है।
3. अभ्यर्थी आन-लाइन आवेदन करते समय सावधानीपूर्वक सभी वांछित सूचनाओं
की पूर्ति करें। आवेदन Submit होने के उपरान्त
किसी भी प्रकार का परिवर्तन स्वीकार्य नही होगा।
4.विश्वविद्यालय द्वारा परीक्षाफल घोषित होने की तिथि से एक माह के अन्दर परीक्षाफल
परिनिरीक्षण (Scrutiny) के लिए आन-लाइन आवेदन विश्वविद्यालय में प्राप्त होना
अनिवार्य है।
5.परीक्षाफल परिनिरीक्षण (Scrutiny) के अन्तर्गत योग की त्रुटि, प्राप्तांक
का स्थानान्तरण तथा बिना जाँचें प्रश्नों का मूल्यांकन कार्य आता है। पुर्नमूल्यांकन
की प्रथा विश्वविद्यालय में नही है।
6.परीक्षाफल परिनिरीक्षण (Scrutiny) का परिणाम न मिलने के आभाव में यदि अभ्यर्थी आगामी
परीक्षा का आवेदन पत्र समय से प्रस्तुत नही करता तो इस कारण से उसे विलम्ब
शुल्क से मुक्ति अथवा तत्सम्बन्धी आवेदन पत्र जमा करने का अधिकार प्राप्त नही होगा।
7.परीक्षाफल परिनिरीक्षण (Scrutiny) कार्य के सम्बन्ध में अभ्यर्थी द्वारा किसी भी प्रकार
की अनाधिकार चेष्टा करना वर्जित है। यदि कोई भी अभ्यर्थी ऐसा करते पाया गया तो उसके
परीक्षाफल परिनिरीक्षण (Scrutiny)आवेदन पत्र को निरस्त
करते हुये उसके ऊपर विश्वविद्यालय अधिनियम के अध्याय 25 की धारा 12 के अन्तर्गत अनुचित
साधन प्रयोग का आरोप आरोपित करते हुये विश्वविद्यालय की आगामी परीक्षाओं से बहिष्कृत
किया जा सकता है।
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